
Bihar के ‘सिंघम’ के नाम से मशहूर, भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के पूर्व अधिकारी शिवदीप लांडे की राजनीति में शामिल होने की चर्चा फिर से गरम हो गई है। राष्ट्रपति द्वारा उनके इस्तीफे को स्वीकार किए जाने के बाद, उनके राजनीतिक प्रवेश की अटकलें तेज हो गई हैं। जन सुराज फॉर बिहार नाम के एक सोशल मीडिया हैंडल पर वायरल हुई पोस्ट ने इस मुद्दे को और हवा दे दी है, जिसमें कहा गया है कि “बिहार के सिंघम” शिवदीप लांडे जल्द ही जन सुराज में शामिल होंगे।
Bihar के ‘सिंघम ’ शिवदीप लांडे का फेसबुक पोस्ट हो रहा है वायरल
हालांकि, न तो शिवदीप लांडे ने किसी राजनीतिक दल से जुड़ने की पुष्टि की है और न ही जन सुराज की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा आई है।
शिवदीप लांडे ने अपनी फेसबुक पोस्ट में कहा, ""वो तो खुशबू है हवाओ में मिल जायेगा"वर्दी एक युवा मन का सपना होता है, लेकिन इतनी सतत-समर्पित सेवा के बाद चमड़ी ही वर्दी बन जाती है अब जनसाधारण से जुड़ने के लिए uniform की जरूरत नहीं है ।नौकरी से आगे निकल बिहार की आबो -हवा में मिलने का वक्त आ गया है। कहानी का एक अंक संपन्न हुआ, दूसरे का आगाज़....." इस संदेश के साथ उन्होंने अपनी वर्दी की तस्वीर भी साझा की, जिससे उनके राजनीति में कदम रखने की उम्मीदें बढ़ गई हैं।शिवदीप लांडे अपनी तेजतर्रार कार्यशैली और पूर्णिया के आईजी के रूप में अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाने के कई मामलों के लिए प्रसिद्ध हैं। बिहार में उनकी प्रभावशाली छवि के कारण, उनके राजनीति में प्रवेश की खबर ने राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा मचा दी है। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि यदि शिवदीप लांडे राजनीति में कदम रखते हैं, तो इससे राज्य की राजनीति में नई ऊर्जा और परिवर्तन आ सकता है।
सामाजिक मीडिया पर समर्थकों का कहना है कि उनके अनुभव और कड़े कार्य से प्रेरणा लेकर, शिवदीप लांडे बिहार की राजनीति में सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं। वहीं, आलोचकों का आरोप है कि यह कदम केवल राजनीतिक लाभ के लिए एक रणनीतिक चाल हो सकता है। हालांकि, अभी तक न तो शिवदीप लांडे और न ही जन सुराज फॉर बिहार की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि हुई है।
बिहार के ‘सिंघम’ शिवदीप लांडे के राजनीति में प्रवेश की खबर आने से राज्य में राजनीतिक माहौल में नई हलचल देखने को मिल रही है। अब देखते हैं कि आने वाले दिनों में यह खबर किस दिशा में विकसित होती है और शिवदीप लांडे किस रूप में राजनीति में अपनी छाप छोड़ते हैं।


