झंझारपुर से गौतम झा की रिपोर्ट
मधुबनी जिले के लखनौर प्रखंड के दीप पंचायत अंतर्गत देवही टोल निवासी अवकाश प्राप्त प्रशासनिक अधिकारी जगदीश मिश्र का निधन हो गया है। वे 87 वर्ष के थे। वे स्वर्गीय मुनीन्द्र मिश्र के ज्येष्ठ पुत्र थे। उन्होंने वर्ष 2000 में पटना सचिवालय के बोर्ड ऑफ रेवेन्यू से उप सचिव के पद से सेवानिवृत्ति प्राप्त की थी। सेवानिवृत्ति के बाद वे पटना के राजीवनगर स्थित मिथिला कॉलनी में अपने परिवार के साथ निवास कर रहे थे।
देवही टोल के जगदीश मिश्र सेवाकाल के अंतिम वर्षों में थे चीनी मिल के महाप्रबंधक (जी.एम.)
स्वर्गीय मिश्र का प्रशासनिक जीवन काफी विस्तृत और अनुभवपूर्ण रहा। उन्होंने राजधनवार, गिरिडीह, हजारीबाग, सिमरिया, हाजीपुर, महनार जैसे स्थानों पर बीडीओ के रूप में कार्य किया। इसके अलावा वे देवघर में कार्यपालक दंडाधिकारी, दानापुर में एडीएसओ, साहेबगंज में सिविल एसडीएम के रूप में भी कार्यरत रहे। अपने सेवाकाल के अंतिम वर्षों में उन्होंने लगातार पांच वर्षों तक बनमनखी चिनी मिल, पूर्णिया, समस्तीपुर और पटना में महाप्रबंधक (जी.एम.) के पद पर कार्य किया।
जगदीश मिश्र अपने पीछे एक सुसंस्कृत और भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके दो भाई हैं — गोविंद मिश्र और प्रो. लक्ष्मीकांत मिश्र। उनके दो पुत्र — विनय कुमार मिश्र, जो असम सरकार के पूर्व ए.डी.जी.पी. हैं, और कुमार चंद्रशेखर उर्फ शेखर मिश्रा, एक पुत्री बिभा मिश्रा, और कई अन्य परिजन हैं। उनका अंतिम संस्कार पटना के दीघा घाट पर गंगा तट पर शनिवार को किया गया, जहां उनके ज्येष्ठ पुत्र विनय कुमार मिश्र ने मुखाग्नि दी।
अंतिम संस्कार के समय अनेक लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे। इनमें प्रोफेसर एल. के. मिश्र, मनोज आचार्य, रेवतीरमण झा, अमरजीत झा, अनिल कुमार मिश्र, रोहित कुमार, ललित कुमार, मुन्ना जी जैसे लोग शामिल थे। अड़रियासंग्राम के कई स्थानीय लोग भी इस अवसर पर उपस्थित थे, जिनमें शिक्षक गुलाबचंद्र झा, शंकर कुमार झा, समाजसेवी सह पत्रकार गौतम झा अप्पू, आशुतोष कुमार झा तोषु, सचिन मिश्र, मानसी मिश्रा, मुकेश कुमार मंडल, प्रो. संतोष कुमार सिंह, प्रो. लक्ष्मण कुमार, नथुनी मिश्र आदि प्रमुख रहे।
उनके निधन से क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है और स्थानीय लोगों ने उन्हें एक योग्य और कर्मठ अधिकारी के रूप में याद किया है।


