
फुलपरास थाना क्षेत्र के कोनार गांव में रविवार को संदिग्ध हालत में मिली महिला की लाश के मामले में अब नया मोड़ आ गया है। मृतका के भाई ने इसे दहेज हत्या का मामला बताया है और इस संबंध में आठ लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है।
प्राथमिकी दर्ज करने वाले मृतका के भाई मोहम्मद यूनुस (पिता – मो. फर्मूद, निवासी – जोरला, थाना लखनौर) ने बताया कि उनकी बहन जमुनी खातून की शादी दो वर्ष पहले फुलपरास थाना क्षेत्र के कोनार निवासी मो. इकबाल (पिता – मरहूम खलील) से हुई थी।
शादी के कुछ ही महीने बाद से दो लाख रुपये दहेज की मांग को लेकर बहन पर दबाव बनाया जा रहा था। कई बार उसे दो-दो दिन भूखा भी रखा गया। इसके अलावा मानसिक और शारीरिक रूप से उसे प्रताड़ित किया जाता था।
मोहम्मद यूनुस ने कहा कि 25 मई को उन्हें किसी ने सूचना दी कि उनकी बहन की हत्या कर दी गई है और ससुराल वाले शव को गायब करने की कोशिश कर रहे हैं। वे जब कोनार गांव पहुंचे, तो घर में जमुनी की लाश पड़ी थी और घर के सभी सदस्य फरार थे।
मृतका के भाई ने अपने बयान में मो. इकबाल, मो. गुलजार, मो. याकूब, मो. गफूर, मो. सुलेमान, मो. जाहिद, मो. मिजाहिद और मो. याकूब की पत्नी पर मिलकर हत्या करने का आरोप लगाया है।घटना की सूचना मिलते ही फुलपरास थाना पुलिस रविवार को घटनास्थल पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए मधुबनी भेजा गया।
प्रभारी थानाध्यक्ष अनुराग कुमार ने बताया कि अब इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।इसके अलावा, मंगलवार को एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) टीम को भी थानाध्यक्ष के साथ घटनास्थल पर भेजा गया, जहां साक्ष्य जुटाए गए हैं।पुलिस का कहना है कि वे पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।


