Ghoghardiha थाना क्षेत्र में पिंटू हत्याकांड के 177 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस मुख्य आरोपी को गिरफ्तार करने में नाकाम रही है। यह मामला 7 जुलाई 2024 की रात का है, जब किसनीपट्टी-निर्मली लिंक रोड पर अपराधियों ने बसुआरी निवासी 18 वर्षीय पिंटू कुमार चौपाल की गोली मारकर हत्या कर दी थी। Ghoghardiha पुलिस ने घटनास्थल से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर परसा बसुआरी चौक से पिंटू का शव बरामद किया था।
घटना स्थल से एक देसी कट्टा और मोबाइल फोन भी बरामद हुआ था। इसके बाद एक वीडियो भी वायरल हुआ, जिसमें गोली चलने की आवाज स्पष्ट सुनाई दी। पुलिस ने इस वायरल वीडियो के आधार पर नरहिया थाना क्षेत्र के सखुआ निवासी विमल चौपाल के पुत्र रौशन कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। हालांकि, पिंटू को गोली मारने वाला मुख्य आरोपी अब तक फरार है।
Ghoghardiha:कुर्की की कार्रवाई अब भी लंबित
घटना के तीन दिन बाद पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया, लेकिन मुख्य आरोपी के घर सितंबर में इश्तिहार चिपकाने के बावजूद कुर्की की कार्रवाई अभी तक नहीं हुई है। पुलिस ने दावा किया था कि मामले का पर्दाफाश हो गया है, लेकिन मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी न होना पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े करता है।
पिंटू के परिवार और स्थानीय लोगों में पुलिस की कार्रवाई को लेकर गहरी नाराजगी है। परिवार न्याय की गुहार लगा रहा है, लेकिन पुलिस की सुस्त जांच ने न्याय मिलने में देरी कर दी है।
एसडीपीओ सुधीर कुमार ने कहा है कि फरार अभियुक्त के खिलाफ जल्द ही कुर्की की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस हर संभव प्रयास कर रही है, लेकिन 177 दिन बीत जाने के बावजूद इस मामले का अनसुलझा रहना पुलिस की कार्यक्षमता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।