
झंझारपुर से गौतम झा की रिपोर्टमधुबनी जिला के उप विकास आयुक्त दीपेश कुमार ने बुधवार दोपहर झंझारपुर प्रखंड के अड़रिया संग्राम पंचायत के लिरही पोखैर का स्थलीय निरीक्षण किया। इस अवसर पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर पोखैर की स्थिति का जायजा लिया और स्थानीय ग्रामीणों से बातचीत कर सुझाव भी सुने।
निरीक्षण के दौरान डीडीसी के साथ जिला ग्रामीण विकास अभिकरण (डीआरडीए) के निदेशक राजेश्वर कुमार, जिला पंचायती राज पदाधिकारी अशोक कुमार, मनरेगा के कार्यपालक अभियंता बिनोद कुमार, सहायक अभियंता बिनोद कुमार, जूनियर इंजीनियर शैलेश प्रियदर्शी, पंचायत तकनीकी सहायक अर्जुन शर्मा, रोजगार सेवक तरुण कुमार, झंझारपुर के कार्यक्रम पदाधिकारी अजीत कुमार, पंचायती राज विभाग के जूनियर इंजीनियर विमल कुमार और जल संसाधन विभाग के जेई रामनरेश कुमार उपस्थित थे। मुखिया प्रतिनिधि चंदन कुमार झा और बड़ी संख्या में ग्रामीण भी इस निरीक्षण में शामिल हुए।
मुखिया प्रतिनिधि चंदन कुमार झा ने बताया कि डीडीसी ने विशेष रूप से यह निर्देश दिया है कि वर्षा ऋतु से पहले पोखैर की खुदाई और सौंदर्यीकरण का कार्य हर हाल में पूरा हो। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने को कहा कि पोखैर के आसपास सफाई व्यवस्था दुरुस्त रहे और उसका उपयोग ग्रामीणों को लाभ पहुंचाने वाले तरीके से हो।
जानकारी के अनुसार, पोखैर की खुदाई और सौंदर्यीकरण का कार्य मनरेगा योजना के तहत किया जाएगा। साथ ही, पंचायती राज विभाग की सहायता से घाटों का निर्माण किया जाएगा, जिससे ग्रामीणों को सुविधा हो सके। पोखैर के आस-पास पेड़-पौधों की व्यवस्था और साफ-सफाई पर भी विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया है।
इस निरीक्षण से ग्रामीणों में उम्मीद जगी है कि वर्षों से उपेक्षित लिरही पोखैर को नया जीवन मिलेगा और यह गांव के लोगों के लिए न केवल जलस्रोत के रूप में उपयोगी रहेगा, बल्कि सौंदर्य और सामुदायिक स्थल के रूप में भी विकसित होगा।


