
घोघरडीहा प्रखंड मुख्यालय में स्थित कनिष्का इंटरनेशनल स्कूल में छात्रों और छात्राओं द्वारा एक भव्य विज्ञान प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस प्रदर्शनी में छात्रों ने डे एवं नाईट मॉड्यूल, ट्रैफिक लाइट वर्किंग मॉड्यूल, वाटर पॉल्यूशन एवं प्यूरिफिकेशन, वाटर साइकिलिंग, मिथिला हाट, स्मार्ट सिटी, और ज्वालामुखी वर्किंग मॉड्यूल जैसे विभिन्न प्रोजेक्ट्स का प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शनी एकल और समूह दोनों रूपों में लगाई गई, जिससे हर वर्ग के छात्र अपने-अपने प्रोजेक्ट्स के माध्यम से अपनी रचनात्मकता और वैज्ञानिक सोच का प्रदर्शन कर सके।
घोघरडीहा नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी शिवांशु शिवेश ने किया पुरस्कार वितरण
प्रदर्शनी में भाग लेने वाले प्रतिभागियों में से प्रथम तीन स्थान पर आने वाले छात्रों को पुरस्कार प्रदान किए गए। कक्षा एक से कक्षा छह तक ज्वालामुखी वर्किंग मॉड्यूल में, अनुज कुमार और रौशन कुमार ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। ऑटोमेटिक फायर अलार्म मॉड्यूल में विकास और अभिनव कुमार ने शीर्ष स्थान हासिल किया। इसके अलावा, एकल प्रदर्शनी में एलकेजी एवं यूकेजी के छात्रों ने हिस्सा लिया, जिसमें ट्रैफिक सिंगल मॉड्यूल में कनिष्का झा, कम्युनिटी हेल्पर में अद्विता झा, हाउस मॉडल में प्रियांशी कुमारी, और स्मार्ट सिटी मॉड्यूल में अनन्या कुमारी ने प्रथम स्थान जीता।
पुरस्कार वितरण समारोह में घोघरडीहा नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) शिवांशु शिवेश ने प्रतिभागियों को सम्मानित किया। समारोह में यह संदेश दिया गया कि छात्रों द्वारा बनाए गए प्रोजेक्ट्स केवल विद्यालय के प्रदर्शनी तक सीमित न रहें, बल्कि इन्हें अपने जीवन में अपनाकर समाज में जागरूकता फैलाने का माध्यम बनाना चाहिए। इस संदेश से यह स्पष्ट होता है कि शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि प्रायोगिक ज्ञान और रचनात्मक सोच को भी महत्व दिया जाना चाहिए।
प्रदर्शनी के दौरान निदेशक कमलेश झा ने जोर देकर कहा कि "प्रोजेक्ट के साथ करके सीखो" की नई शिक्षा नीति को लागू करना अत्यंत आवश्यक है। उनका मानना है कि छात्रों को अपने हाथों से प्रयोग करके, स्वयं से सीखने का मौका दिया जाना चाहिए ताकि वे न केवल सैद्धांतिक ज्ञान अर्जित करें, बल्कि व्यावहारिक अनुभव भी प्राप्त कर सकें। प्राचार्य रुचिता मिश्रा ने भी बताया कि विज्ञान प्रदर्शनी छात्रों में वैज्ञानिक सोच और समस्या समाधान की क्षमता विकसित करने का एक अनिवार्य माध्यम है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रमों से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास बढ़ता है और वे भविष्य में अपने क्षेत्र में नवाचार कर सकते हैं।समाज और स्थानीय नेतृत्व की रही अहम भागीदारी
इस आयोजन में स्थानीय निकायों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। फुलपरास नगर पंचायत के मुख्य पार्षद धर्मेन्द्र सह एवं घोघरडीहा नगर पंचायत के मुख पार्षद अनिल कुमार मंडल समेत कई स्थानीय नेता और अतिथि इस कार्यक्रम में उपस्थित रहे। इन प्रमुख हस्तियों ने छात्रों के प्रयासों की सराहना की और यह आश्वासन दिया कि ऐसे कार्यक्रमों को और प्रोत्साहित किया जाएगा। स्थानीय समुदाय का यह सहयोग शिक्षा और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में एक महत्वपूर्ण कदम है।